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रविवार, 24 मार्च 2013

देखो होली आई रे - Dekho Holi Aayi Re (Mashaal, Kishore, Mahendra, Lata)



Movie/Album: मशाल (1984)
Music By: हृदयनाथ मंगेशकर
Lyrics By: जावेद अख्तर
Performed By: किशोर कुमार, महेंद्र कपूर, लता मंगेशकर

ओ होली आई, होली आई देखो होली आई रे
खेलो खेलो रंग है
कोई अपने संग है
भीगा भीगा अंग है
ओ होली आई रे...
बहकी बहकी चाल है
चेहरा नीला लाल है
दीवाने क्या हाल है
मस्तों पर है मस्ती छाई
देखो होली आई रे...

जो लाये रंग जीवन में
उसे होली में पाया है
बताऊँ क्या तुम्हें यारों
किसे मैंने बुलाया है
या मत बुला, या बता दे दिल की बातें
ना छुपा दुनिया से चोरी है क्या
ये लड़की है या काली माई
देखो होली आई रे...

यही दिन था यही मौसम
ज़ुबान जब हमने खोली थी
कहाँ अब खो गए वो दिन
की जब अपनी भी होली थी
तुम हो तो हर रात दिवाली
हर दिन मेरी होली है
अरे ये क्या चक्कर है भाई
देखो होली आई रे...

हमारा कौन दुनिया में
यहाँ जो है पराया है
मगर अपना लगा कोई
ये ऐसा कौन आया है
इतना क्या मजबूर है
दिल क्यों गम से चूर है
तु ही सबसे दूर है
दिलों के पास बहुत ले आई
देखो होली आई रे...

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शुक्रवार, 3 अगस्त 2012

मैं और मेरी आवारगी - Main Aur Meri Awargi (Kishore Kumar)



Movie/Album: दुनिया (1984)
Music By: आर.डी.बर्मन
Lyrics By: जावेद अख्तर
Performed By: किशोर कुमार

फिरते हैं कब से दरबदर
अब इस नगर, अब उस नगर
एक दूसरे के हमसफ़र
मैं और मेरी आवारगी
ना आशना हर रहगुज़र
ना मेहरबाँ सबकी नज़र
जायें तो अब जायें किधर
मैं और मेरी आवारगी

इक दिन मिली एक महजबीं
तन भी हसीं, जां भी हसीं
दिल ने कहा हमसे वहीँ
ख़्वाबों की है मंजिल यहीं
फिर यूँ हुआ वो खो गयी
तू मुझको जिद सी हो गयी
लाएँगे उसको ढूँढकर
मैं और मेरी आवारगी...

ये दिल ही था जो सह गया
जो बात ऐसी कह गया
कहने को फिर क्या रह गया
अश्कों का दरिया बह गया
जब कहके वो दिलबर गया
तेरे लिये मैं मर गया
रोते हैं उसको रात भर
मैं और मेरी आवारगी...

हम भी कभी आबाद थे
ऐसे कहाँ बरबाद थे
बेफिक्र थे, आज़ाद थे
मसरूर थे, दिलशाद थे
वो चाल ऐसी चल गया
हम बुझ गये दिल जल गया
निकले जला के अपना घर
मैं और मेरी आवारगी...

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