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शुक्रवार, 13 जुलाई 2012

कोई लौटा दे मेरे - Koi Lauta De Mere (Kishore Kumar)



Movie/Album: दूर गगन की छाँव में (1964)
Music By: किशोर कुमार
Lyrics By: शैलेन्द्र
Performed By: किशोर कुमार

अलबेले दिन प्यारे
मेरे बिछड़े साथ सहारे
हाय! कहाँ गये
हाय! कहाँ गये
आँखों के उजियारे
मेरी सूनी रात के तारे
हाय! कहाँ गये

कोई लौटा दे मेरे, बीते हुए दिन
बीते हुए दिन वो, प्यारे पल छिन
कोई लौटा दे मेरे...

मेरे ख्वाबों के महल, मेरे सपनों के नगर
पी लिया जिनके लिये मैंने जीवन का ज़हर
आज मैं ढूँढूं कहाँ, खो गये जाने किधर \- २
बीते हुए दिन...

मैं अकेला तो ना था, थे मेरे साथी कई
एक आँधी सी उठी, जो भी था लेके गई
ऐसे भी दिन थे कभी, मेरी दुनिया थी मेरी
बीते हुए दिन...

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गुरुवार, 12 जुलाई 2012

आ चल के तुझे - Aa Chal Ke Tujhe (Kishore Kumar)



Movie/Album: दूर गगन की छाँव में (1964)
Music By: किशोर कुमार
Lyrics By: किशोर कुमार
Performed By: किशोर कुमार

आ चल के तुझे, मैं ले के चलूं
इक ऐसे गगन के तले
जहाँ ग़म भी न हो, आँसू भी न हो
बस प्यार ही प्यार पले

सूरज की पहली किरण से, आशा का सवेरा जागे
चंदा की किरण से धुल कर, घनघोर अंधेरा भागे
कभी धूप खिले, कभी छाँव मिले
लम्बी सी डगर न खले
जहाँ ग़म भी नो हो...

जहाँ दूर नज़र दौड़ाएं, आज़ाद गगन लहराए
जहाँ रंग बिरंगे पंछी, आशा का संदेसा लाएँ
सपनों में पली, हँसती हो कली
जहाँ शाम सुहानी ढले
जहाँ ग़म भी न हो...

सपनों के ऐसे जहां में, जहाँ प्यार ही प्यार खिला हो
हम जा के वहाँ खो जाएं, शिकवा न कोई गिला हो
कहीं बैर न हो, कोई गैर न हो
सब मिलके यूँ चलते चलें
जहाँ गम भी न हो...

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