CID लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
CID लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

सोमवार, 14 अक्टूबर 2013

जाता कहाँ है दीवाने - Jaata Kahan Hai Deewane (Geeta Dutt, CID)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: गीता दत्त

जाता कहाँ है दीवाने
सब कुछ यहाँ है सनम
बाकी के सारे फ़साने
झूठे हैं तेरी क़सम
फिफ्टी
कुछ तेरे दिल में फिफ्टी
कुछ मेरे दिल में फिफ्टी
ज़माना है बुरा

पहलू बदलने लगे, घबरा के चलने लगे
आँखें मिलीं भी नहीं, यूँ ही सम्भलने लगे
अजी सुनिये हुज़ूर, जाना हमसे न दूर
देखो दिल है किसी का जलाना बुरा
जाता कहाँ है दीवाने...

सैयाद है तू मगर, मुझको न यूँ तन के देख
नादां ज़रा एक बार, क़ैदी मेरा बन के देख
मानो-मानो मेरी बात, है ये पहली मुलाक़ात
देखो पहलू से उठ के है जाना बुरा
जाता कहाँ है दीवाने...

Share:

शनिवार, 12 अक्टूबर 2013

कहीं पे निगाहें कहीं पे निशाना - Kahin Pe Nigahein Kahin Pe Nishana (Shamshad Begum, CID)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: शमशाद बेगम

कहीं पे निगाहें कहीं पे निशाना
जीने दो ज़ालिम बनाओ न दीवाना
कहीं पे निगाहें...

कोई न जाने इरादे हैं किधर के
मार न देना तीर नज़र का किसी के जिगर पे
नाज़ुक ये दिल है बचाना ओ बचाना
कहीं पे निगाहें...

तौबा जी तौबा निगाहों का मचलना
देख-भाल के ऐ दिलवालों पहलू बदलना
क़ाफ़िर अदा की अदा है मस्ताना
कहीं पे निगाहें...

ज़ख़्मी हैं तेरे जायें तो कहाँ जायें
तेरे तीर के मारे हुये देते हैं सदायें
कर दो जी घायल तुम्हारा है ज़माना
कहीं पे निगाहें...

आया शिकारी ओ पंछी तू सम्भल जा
देख जाल है ज़ुल्फ़ों का तू चुपके से निकल जा
उड़ जा ओ पंछी शिकारी है दीवाना
कहीं पे निगाहें...

Share:

गुरुवार, 10 अक्टूबर 2013

ऐ दिल है मुशकिल जीना यहाँ - Aye Dil Hai Mushkil Jeena Yahan (Md.Rafi, Geeta Dutt, CID)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: मो.रफ़ी, गीता दत्त

ऐ दिल है मुशकिल जीना यहाँ
ज़रा हट के, ज़रा बच के
ये है बॉम्बे मेरी जाँ

कहीं बिल्डिंग, कहीं ट्रामे, कहीं मोटर, कहीं मिल
मिलता है यहाँ सब कुछ, इक मिलता नहीं दिल
इन्साँ का नहीं कहीं नाम-ओ-निशाँ
ज़रा हट के...

कहीं सट्टा, कहीं पत्ता, कहीं चोरी, कहीं रेस
कहीं डाका, कहीं फाँका, कहीं ठोकर, कहीं ठेस
बेकारों के हैं कई काम यहाँ
ज़रा हट के...

बेघर को आवारा यहाँ कहते हँस-हँस
खुद काटे गले सबके, कहे इसको बिज़नस
इक चीज़ के है कई नाम यहाँ
ज़रा हट के...

बुरा दुनिया को है कहता, ऐसा भोला तो ना बन
जो है करता, वो है भरता, है यहाँ का ये चलन
दादागिरी नहीं चलने की यहाँ
ये है बॉम्बे...
ऐ दिल है मुश्किल...

ऐ दिल है आसाँ जीना यहाँ
सुनो मिस्टर, सुनो बन्धु
ये है बॉम्बे मेरी जाँ

Share:

शनिवार, 6 अक्टूबर 2012

बूझ मेरा क्या नाम रे - Boojh Mera Kya Naam Re (Shamshad Begum, CID)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: शमशाद बेगम

बूझ मेरा क्या नाम रे, नदी किनारे गाँव रे
पीपल झूमे मोरे आँगना, ठण्डी ठण्डी छाँव रे

लोग कहे मैं बाँवरी, मेरे उलझे-उलझे बाल
मेरा काला-काला तिल है, मेरे गोरे-गोरे गाल
मैं चली, जिस गली, झूमे सारा गाँव रे
बूझ मेरा क्या...

आज संभल के देखना, बाबूजी हमरी ओर
कहीं दिल से लिपट न जाए, लम्बी जुल्फों की डोर
मैं चली, मन चली, सबका मन ललचाऊं रे
बूझ मेरा क्या...

दिल वालों के बीच में, मेरी अँखियाँ हैं बदनाम
हूँ एक पहेली फिर भी, कोई बूझे मेरा नाम
मैं चली, ले चली, बूझो तो कित जाऊं रे
बूझ मेरा क्या...

Share:

गुरुवार, 5 अप्रैल 2012

आँखों ही आँखों में इशारा - Aankhon Hi Aankhon Mein Ishara (Md.Rafi, Geeta Dutt)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: जां निसार अख्तर
Performed By: मो.रफ़ी, गीता दत्त

आँखों ही आँखों में इशारा हो गया
बैठे-बैठे जीने का सहारा हो गया

गाते हो गीत क्यूँ, दिल पे क्यूँ हाथ है
खोए हो किस लिये, ऐसी क्या बात है
ये हाल कब से तुम्हारा हो गया
आँखों ही आँखों में इशारा...

चलते हो झूम के, बदली है चाल भी
नैंनों में रंग है, बिखरे हैं बाल भी
किस दिलरुबा का नज़ारा हो गया
आँखों ही आँखों में इशारा...

अब ना वो ज़ोर है, अब ना वो शोर है
हमको है सब पता, दिल में क्या चोर है
ये चोर कैसे गंवारा हो गया
आँखों ही आँखों में इशारा...

कैसा ये प्यार है, कैसा ये नाज़ है
हम भी तो कुछ सुनें, हमसे क्या राज़ है
अच्छा तो ये दिल हमारा हो गया
आँखों ही आँखों में इशारा...

Share:

मंगलवार, 12 जुलाई 2011

लेके पहला-पहला प्यार - Leke Pehla Pehla Pyar (Shamshad Begum, CID)



Movie/Album: सी.आई.डी. (1956)
Music By: ओ.पी.नैय्यर
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: शमशाद बेगम, आशा भोंसले, मो.रफ़ी

लेके पहला-पहला प्यार
भर के आँखों में खुमार
जादू नगरी से आया है कोई जादूगर

उसकी दीवानी हाय कहूँ कैसे हो गई
जादूगर चला गया मैं तो यहाँ खो गई
नैना जैसे हुए चार
गया दिल का क़रार
जादू नगरी से...

तुमने तो देखा होगा उसको सितारों
आओ ज़रा मेरे संग मिल के पुकारो
दोनों हो के बेक़रार
ढूँढे तुझको मेरा प्यार
जादू नगरी से...

जब से लगाया तेरे प्यार का काजल
काली-काली बिरहा की रतियां हैं बेकल
आजा मन के श्रृंगार
करे बिन्दिया पुकार
जादू नगरी से...

मुखड़े पे डाले हुए ज़ुल्फ़ों की बदली
चली बलखाती कहाँ रुक जा ओ पगली
नैनों वाली तेरे द्वार
ले के सपने हज़ार
जादू नगरी से...

चाहे कोई चमके जी चाहे कोई बरसे
बचना है मुश्किल पिया जादूगर से
देगा ऐसा मन्तर मार
आखिर होगी तेरी हार
जादू नगरी से...

सुन-सुन बातें तेरी गोरी मुस्काई रे
आई-आई देखो-देखो आई हँसी आई रे
खेले होठों पे बहार
निकला गुस्से से भी प्यार
जादू नगरी से...

Share: