गुरुवार, 10 दिसंबर 2009

पंछी बनूँ उड़ती फिरूं - Panchhi Banoon Udti Firoon (Lata Mangeshkar)



Movie/Album : चोरी चोरी (1956)
Music By : शंकर-जयकिशन
Lyrics By : हसरत जैपुरी
Performed By : लता मंगेशकर

पंछी बनूँ उड़ती फिरूं मस्त गगन में
आज मैं आज़ाद हूँ दुनिया के चमन में
हिल्लोरी...

ओ मेरे जीवन में चमका सवेरा
ओ मिटा दिल से वो गम का अन्धेरा
ओ हरे खेतों में गाए कोई लहरा
ओ यहाँ दिल पर किसी का न बैरा
रंग बहारों ने भरा मेरे जीवन में
आज मैं आज़ाद...

ओ दिल ये चाहे बहारों से खेलूं
ओ गोरी नदिया की धारों से खेलूं
ओ चाँद सूरज सितारों से खेलूं
ओ अपनी बाहों में आकाश ले लूं
बढ़ती चलूँ गाती चलूँ अपनी लगन में
आज मैं आज़ाद...

ओ मैं तो ओढूँगी बादल का आँचल
ओ मैं तो पहनूंगी बिजली की पायल
ओ छीन लूंगी घटाओं से काजल
ओ मेरा जीवन है नदिया की हलचल
दिल से मेरे लहरें उठे ठंडी पवन में
आज मैं आज़ाद...
Share: